रविवार, मई 19

  •  
  •  
आप यहाँ हैं:घर क्षेत्रीय केंद्र दिल्ली केंद्र आधारिक संरचनाएँ

आधारिक संरचनाएँ दिल्ली केंद्र

केंद्रीय हिंदी संस्थान का दिल्ली केंद्र चालीस वर्षों से किराए के भवनों में कार्य करता था। सबसे पहला कार्यालय 1970 में ए-13 ग्रीन पार्क में स्थापित हुआ था। बढते हुए कार्यक्रमों को देखते हुए बडे़ भवन की आवश्यकता हुई तो दूसरे ही वर्ष केंद्र के-118 हौज़ खास में स्थानांतरित हुआ। विदेशों से हिंदी कार्यक्रमों में आने वाले विद्यार्थियों के लिए केंद्र 1976 में श्री अरविंद आश्रम के भवन में चला गया और वहाँ 25 वर्ष तक बना रहा। वर्ष 2001 में केंद्र ई-12 कैलाश कॉलोनी में और वर्ष 2004 से आर-12 नेहरू एन्क्लेव में कार्य करता रहा। विदेशी छात्र जो भारत सरकार की छात्रवृत्ति पर आते थे, उनके आवास के लिए पुरुष और महिला छात्रावासों की व्यवस्था भी किराए के भवनों में की गई थी। 1993 में छात्रवृत्ति पर आने वाले विदेशी छात्रों के लिए कार्यक्रम के आगरा में स्थानातंरित हो जाने के कारण छात्रावास भवनों की आवश्यकता नही रही। फिर भी केंद्र के विविध कार्यों के लिए भूमि प्राप्त करने और उस पर अपना भवन बनाने के प्रयास प्रारंभ हुए। अंत में केंद्र को दक्षिण दिल्ली के कुतुब संस्थागत क्षेत्र में डी.डी.ए. के द्वारा जमीन आवंटित की गई। वर्ष 2003 में भवन की आघारशिला तत्कालीन मानव संसाधन विकास मंत्री डॉ. मुरली मनोहर जोशी के कर कमलों द्वारा रखी गयी। भवन निर्माण का कार्य पाँच सालों संपन्न हो चुका है और हब संस्थान का दिल्ली केंद्र अपने ही भवन बी-26 ए, कुतुब इंस्टीट्यूशनल एरिया, नई दिल्ली- 110016 में कार्य कर रहा है।

वर्ष 1971 से दिल्ली केंद्र में विदेश से आयतित 6 बूथों की टेप रिकार्डरों वाली भाषा प्रयोगशाला स्थापित हुई थी। कुछ वर्षों बाद मशीनों के पुराने होने के कारण यह प्रयोगशाला बंद कर दी गई थी। अब दिल्ली केंद्र अपने नए भवन में आधुनिकतम प्रौद्यौगिकी वाली भाषा-प्रयोगशाला की स्थापना की दिशा में प्रयत्नशील है।